
1. मेष
बुध आपके तीसरे और छठे भाव का स्वामी होकर, इस गोचर के दौरान आपकी राशि से दसवें भाव में गोचर करेगा। जिससे कार्यक्षेत्र में सफलता मिलेगी, सामाजिक पद प्रतिष्ठा बढ़ेगी, जमीन जायदाद के मामलों का निपटारा होगा, मुश्किल हालात का भी अच्छे से सामाना कर पाएंगे।
2. वृषभ
बुध आपके दूसरे और पंचम भाव के स्वामी होते हैं, और इस गोचर के दौरान वो आपकी राशि के नवम भाव में विराजमान होंगे। जो भाग्य का भाव होता है। जिससे आपको सफलता मिलेगी, भाग्य में वृद्धि होगी, शिक्षा प्रतियोगिता में कामयाबी मिलेगी, विदेशी नौकरी के लिए आवेदन करने पर सफलता मिलेगी।
3. मिथुन
बुध आपकी राशि के ही स्वामी, यानी आपके लग्न और पंचम भाव के स्वामी होते हैं। अब इस गोचर के दौरान वो आपके आठवें भाव में प्रवेश करेंगे, जो परिवर्तन और बदलावों का भाव होता है। ऐसे में इस परिवर्तन से आपको मिश्रित फल मिलेंगे, जिससे मान-सम्मान बढ़ेगा, लेकिन जमीन ज्यादा से जुड़े मामलों में दिक्कतें आ सकती हैं, आर्थिक तंगी से बचें, स्वास्थ्य को लेकर सतर्क रहें।
4. कर्क
बुध आपकी राशि के तीसरे और द्वादश भाव के स्वामी होते हैं, और इस गोचर के दौरान वे आपकी राशि के सातवें भाव में विराजमान होंगे। इसके चलते आप ऊर्जाशक्ति का पूरा उपयोग करेंगे तो कार्य व्यापार में सफलता मिलेगी, शादी-विवाह संबंधित बातचीत सफल होगी, संतान संबंधी चिंता से मुक्ति मिलेगी।
5. सिंह
बुद्ध आपकी राशि के दूसरे और ग्यारहवें भाव के स्वामी होते हैं, और इस गोचर के दौरान वो आपके छठवें भाव में विराजमान होंगे। ऐसे में सिंह राशि के जातकों के लिए, बुध का यह गोचर लाभकारी परिणाम प्रदान करने वाला रहेगा। यह समय उन व्यापारी जातकों के लिए जो, अपने व्यवसाय का विस्तार करने के लिए बैंकों या अन्य संस्थाओं से समर्थन पाना चाह रहे थे, उनके लिए समय ख़ासा अनुकूल रहने वाला है। स्वास्थ्य विशेषकर के पेट संबंधी विकार, चर्मरोग के प्रति सतर्क रहें, धन उधार के रूप में ना दें, घूमने-फिरने पर अधिक खर्च होगा।
6.कन्या
बुध आपके लग्न और दसवें भाव के स्वामी होते हैं। अब मकर राशि में होने वाले गोचर के फलस्वरूप बुध ग्रह, कन्या राशि से पांचवें भाव में संचरण करेंगे। जो मिश्रित फल देंगे। प्रेम विवाह के समय अनुकूल रहेगा, भाइयों से मतभेद न बढ़ाएं, शिक्षा प्रतियोगिता में सफलता मिलेगी।
7. तुला
बुध आपके नवम और द्वादश भाव के स्वामी होते हैं, और इस गोचर के दौरान वो आपके चौथे भाव में प्रवेश करेंगे। सुखों में वृद्धि की संभावना के बीच मित्रों-संबंधियों से मदद की उम्मीद है। यात्रा सावधानी पूर्वक करें।
8. वृश्चिक
बुध ग्रह आपके अष्टम और एकादश भाव के स्वामी होते हैं। परन्तु मकर राशि में होने वाला गोचर के दौरान, वो आपकी राशि से तीसरे भाव में विराजमान होंगे। जो निर्णय लेंगे उसी में सफलता मिलेगी, धर्म-कर्म के मामलों में बढ़ चढ़कर हिस्सा लेंगे, दान पुण्य भी करेंगे।
9. धनु
धनु राशि के जातकों के लिए बुध, अपने इस गोचर के दौरान आपके दूसरे भाव को प्रभावित करेगा। ऐसे में आपका आर्थिक पक्ष मजबूत होगा, बकाया सैलरी मिलेगी, काफी दिनों से चला रहा तनाव कम होगा, स्वास्थ्य के प्रति सावधान रहना पड़ेगा।
10. मकर
बुध आपकी ही राशि में गोचर करते हुए, आपके लग्न भाव को प्रभावित करेगा। ऐसे में नौकरी में प्रमोशन और सम्मान में वृद्धि की संभावना के साथ ही विद्यार्थियों को शिक्षा प्रतियोगिता में अच्छी सफलता मिलेगी। सरकारी नौकरियों के आवेदन करने के लिए उपयुक्त समय रहेगा।
11. कुंभ
आपकी राशि में बुध का बारहवें भाव में गोचर करना, कुंभ राशि के जातकों को मिश्रित परिणाम देगा। इस समय अधिक भागदौड़ और खर्च होगा, आर्थिक तंगी से भी बचना पड़ेगा, कोर्ट कचहरी के मामले बाहर ही सुलझा लें तो बेहतर रहेगा।
12. मीन
बुध के मकर राशि में गोचर के दौरान, मीन राशि के जातकों को अपने जीवनसाथी से लाभ, प्रेम और भरपूर सहयोग की प्राप्ति होगी। क्योंकि इस समय बुध ग्रह आपकी राशि से, ग्यारहवें भाव में प्रस्थान करेंगे। इस समय कामयाबियों का सिलसिला बढ़ेगा, एक से अधिक आय के साधन बनेंगे, बड़े भाइयों से मतभेद न पैदा होने दें।