
Apeejay Institute of Management & Engineering Technical Campus, जालंधर ने संकाय सदस्यों (faculty members) के बीच सहयोगात्मक कार्यप्रणाली और रणनीतिक दूरदर्शिता को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से टीमवर्क और रणनीतिक सोच (Teamwork and Strategic Thinking) विषय पर एक फैकल्टी डेवलपमेंट प्रोग्राम (FDP) (Faculty Development Program FDP) का आयोजन किया।
संस्थान के निदेशक डॉ. राजेश बग्गा के मार्गदर्शन से कार्यक्रम को समृद्ध बनाया , जिन्होंने संकाय सदस्यों को आधुनिक शिक्षण पद्धतियों (Modern pedagogical practices) को अपनाने और शिक्षण एवं संस्थागत विकास में सहयोगात्मक दृष्टिकोण को प्रोत्साहित किया।
निरंतर व्यावसायिक विकास के महत्व पर बल देते हुए उन्होंने कहा, “रणनीतिक दूरदर्शिता और सहयोगात्मक तालमेल (Empowering our faculty with strategic foresight and collaborative synergy) से अपने संकाय को सशक्त बनाना हमें संस्थागत उत्कृष्टता को बढ़ावा देने और नवीन शिक्षण विधियों (Institutional excellence and foster innovative pedagogy) को विकसित करने में सक्षम बनाता है।”
कार्यक्रम का संचालन Dr. Ajwinder Dhillon from the School of Management द्वारा किया गया। उन्होंने एक रोचक और ज्ञानवर्धक (Engaging and insightful session) सत्र प्रस्तुत किया, जिसमें शैक्षणिक वातावरण में टीमवर्क और रणनीतिक सोच (Teamwork and Strategic Thinking in academic environments) के महत्व पर विशेष रूप से प्रकाश डाला ।
सत्र के दौरान प्रतिभागियों को (TOWS Analysis Framework) से परिचित कराया गया, जो एक रणनीतिक योजना उपकरण है। यह संस्थानों को आंतरिक Strengths and Weaknesses के साथ-साथ बाहरी अवसरों (Opportunities) और खतरों (Threats) का विश्लेषण करके प्रभावी और क्रियान्वयन योग्य रणनीतियाँ (Effective and Actionable strategies) विकसित करने में सहायता करता है।
यह फैकल्टी डेवलपमेंट प्रोग्राम (Faculty Development Program) संकाय सदस्यों के लिए शैक्षणिक क्षेत्र में रणनीतिक योजना और सहयोगात्मक क्रियान्वयन (Strategic planning and Collaborative execution in academia ) पर विचार-विमर्श करने का एक महत्वपूर्ण मंच सिद्ध हुआ।
इस पहल ने नवाचार, टीम वर्क और उत्कृष्टता की संस्कृति को बढ़ावा देने के प्रति संस्थान की प्रतिबद्धता को पुनः स्थापित किया।