
दिल्ली: देश के सबसे स्वच्छ शहर इंदौर में कथित तौर पर दूषित पानी पीने के कारण 100 से ज्यादा लोगों को उल्टी-दस्त की गंभीर दिक्कतों के साथ अलग-अलग अस्पतालों में भर्ती कराया गया और इनमें से कम से कम तीन मरीजों की मौत हो गई। अधिकारियों ने मंगलवार को यह जानकारी दी। राज्य के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने इस घटना पर अफसोस जताया है। उन्होंने एक बयान में कहा कि मृतकों के परिवारों को दो-दो लाख रुपये की सहायता राशि दी जाएगी और सभी मरीजों के इलाज का पूरा खर्च सरकार उठाएगी।स्थानीय लोगों का दावा है कि दूषित पानी पीने से बीमार होने के बाद अब तक चार महिलाओं समेत पांच लोग दम तोड़ चुके हैं। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. माधव प्रसाद हासानी ने बताया कि शहर के भागीरथपुरा इलाके में उल्टी-दस्त के प्रकोप के बारे में पता चलने पर स्वास्थ्य विभाग ने 2,703 घरों के सर्वेक्षण के दौरान करीब 12,000 लोगों की जांच की और इनमें से हल्के लक्षणों वाले 1,146 मरीजों को मौके पर प्राथमिक उपचार दिया गया। उन्होंने बताया कि अपेक्षाकृत गंभीर स्थिति वाले 111 मरीजों को अलग-अलग अस्पतालों में भर्ती किया गया जिनमें से 18 लोगों को इलाज के बाद छुट्टी दे दी गई।