सी टी यूनिवर्सिटी ने अपनी अंतरराष्ट्रीयकरण यात्रा में एक और महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की है। विश्वविद्यालय ने कोलंबिया के बारांकीया स्थित पाल्मा अफ्रीकाना यूनिवर्सिटी डेल अटलांटिको के साथ एक अहम समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किए हैं।

यह साझेदारी वैश्विक सांस्कृतिक आदान-प्रदान, अंतरराष्ट्रीय सहयोग और विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास को बढ़ावा देने की दिशा में सीटी यूनिवर्सिटी की प्रतिबद्धता को दर्शाती है। इस समझौते का उद्देश्य शैक्षणिक गतिविधियों के साथ-साथ गैर-शैक्षणिक एवं सह-पाठ्यक्रम गतिविधियों के माध्यम से छात्रों को अंतरराष्ट्रीय अनुभव प्रदान करना है।

यह MoU सी टी यूनिवर्सिटी की ओर से रजिस्ट्रार संजय खंडूरी तथा कोलंबिया की ओर से प्रो. (डॉ.) मारिया कारमेन मेलेंडेज़ वेलिसिला, निदेशक, पाल्मा अफ्रीकाना यूनिवर्सिटी एवं समन्वयक, शारीरिक शिक्षा, मनोरंजन और खेल, यूनिवर्सिटी डेल अटलांटिको द्वारा हस्ताक्षरित किया गया।

इस समझौते के माध्यम से भारत और कोलंबिया के बीच सांस्कृतिक कूटनीति को बढ़ावा मिलेगा और दोनों संस्थानों के बीच संस्थागत संबंध मजबूत होंगे।

इस सहयोग के अंतर्गत दोनों संस्थान मिलकर संगीत, नृत्य, रंगमंच, दृश्य कला जैसी सांस्कृतिक गतिविधियों के साथ-साथ वाद-विवाद, साहित्यिक मंच, नेतृत्व विकास कार्यक्रम, व्यक्तित्व विकास कार्यशालाएं तथा सामुदायिक सहभागिता से जुड़े कार्यक्रम आयोजित करेंगे। इसके साथ ही छात्र सहभागिता, कार्यक्रम प्रबंधन और सांस्कृतिक आयोजन से जुड़े सर्वोत्तम अनुभवों का आपसी आदान-प्रदान भी किया जाएगा।

यह MoU यह सुनिश्चित करता है कि इसके अंतर्गत आयोजित सभी गतिविधियां बिना किसी पंजीकरण या सहभागिता शुल्क के होंगी, जिससे यह पूरी तरह छात्र-हितैषी और समावेशी पहल बनेगी।

यह समझौता तीन वर्षों के लिए मान्य रहेगा, जिसे आपसी सहमति से आगे बढ़ाया या संशोधित किया जा सकता है। इस MoU को डॉ. दविंदर सिंह छीना, प्रधानाचार्य (सेवानिवृत्त), पीईएस-1, द्वारा सुगम बनाया गया, जो एक प्रतिष्ठित वैश्विक सांस्कृतिक विरासत विशेषज्ञ हैं और जिन्हें अंतरराष्ट्रीय लोक कला समूहों के साथ कार्य करने का 25 वर्षों से अधिक का अनुभव है। वे दोनों संस्थानों के लिए वैश्विक आदान-प्रदान के मानद सलाहकार के रूप में भी कार्य करेंगे।

इस अवसर पर सी टी यूनिवर्सिटी के प्रो-चांसलर डॉ. मनबीर सिंह ने कहा,
“यह MoU सी टी यूनिवर्सिटी की उस सोच को दर्शाता है, जो कक्षा-कक्ष से आगे बढ़कर वैश्विक सांस्कृतिक सीख को अपनाने में विश्वास रखती है। इस प्रकार की साझेदारियां हमारे छात्रों को अंतरराष्ट्रीय अनुभव, सांस्कृतिक समझ और वैश्विक दृष्टिकोण प्रदान करती हैं, जो आज की आपस में जुड़ी दुनिया के लिए बेहद आवश्यक हैं।”

वहीं सी टी यूनिवर्सिटी के कुलपति डॉ. नितिन टंडन ने कहा,
“सांस्कृतिक आदान-प्रदान संतुलित और बहुआयामी व्यक्तित्व के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। यूनिवर्सिटी डेल अटलांटिको के साथ यह साझेदारी रचनात्मकता, अनुभवात्मक शिक्षा और अंतरराष्ट्रीय सहभागिता के नए अवसर खोलेगी, जिससे सी टी यूनिवर्सिटी का शैक्षणिक वातावरण और समृद्ध होगा।”