पी सी एम एस डी कॉलेज फॉर वूमेन, जालंधर में हिंदी साहित्य द्वारा राष्ट्रीय वेबिनार “हिंदी साहित्य में कृत्रिम बुद्धिमत्ता का योगदान” विषय पर एक ज्ञानवर्धक वेबिनार का सफल आयोजन किया गया। इस वेबिनार में शिक्षकों एवं विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। कार्यक्रम में कुल लगभग 38 प्रतिभागियों की सक्रिय उपस्थिति रही।
वेबिनार की मुख्य वक्ता मोनिका सिंह, जो शिमला विश्वविद्यालय से संबंधित हैं, ने अपने विचार प्रस्तुत किए। उन्होंने हिंदी साहित्य में कृत्रिम बुद्धिमत्ता (Artificial Intelligence) के बढ़ते प्रभाव एवं उसके विभिन्न उपयोगों पर विस्तृत प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि किस प्रकार आधुनिक तकनीक हिंदी भाषा एवं साहित्य के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है।
साथ ही, विद्यार्थियों को नई तकनीकों के प्रति जागरूक रहने और उनका सकारात्मक उपयोग करने के लिए प्रेरित किया गया। कार्यक्रम के अंत में प्रतिभागियों ने अपने विचार साझा किए तथा वेबिनार को अत्यंत उपयोगी और प्रेरणादायक बताया।
इस प्रकार यह वेबिनार ज्ञानवर्धन के साथ-साथ तकनीकी जागरूकता बढ़ाने में भी सफल रहा।अध्यक्ष श्री नरेश बुधिया , वरिष्ठ उपाध्यक्ष श्री विनोद दादा, प्रबंध समिति के अन्य माननीय सदस्यों तथा आदरणीय प्राचार्या डॉ. पूजा पराशर ने कार्यक्रम के सफल आयोजन हेतु डॉ. नीना मित्तल और सुश्री दीवाक्षी के प्रयासों की सराहना की।