
एपीजे कॉलेज ऑफ फाइन आर्ट्स जालंधर के 51वें पुरस्कार-वितरण समारोह में विभिन्न कोटियों में श्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाले 275 विद्यार्थियों को सम्मानित किया गया। यह समारोह एपीजे सत्या एंड स्वर्ण ग्रुप, एपीजे एजुकेशन की अध्यक्ष तथा एपीजे सत्या यूनिवर्सिटी की चांसलर श्रीमती सुषमा पॉल बर्लिया के संरक्षण में आयोजित किया गया।इस समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में प्रिंसिपल कमिश्नर इनकम टैक्स दिल्ली सुश्री गरिमा सिंह (IRS) उपस्थित हुई। इस कार्यक्रम की अध्यक्षता श्री दिनेश राय रिटायर्ड (IAS) ऑफिसर चेयरमैन एलायंस आफ एमएसएमई(MSME) ने की।प्राचार्य डॉ नीरजा ढींगरा ने इस समय पर उपस्थित मुख्य अतिथि मैडम गरिमा सिंह का अभिनंदन करते हुए कहा कि आप जैसी सुप्रतिष्ठित,सकारात्मक ऊर्जा से भरपूर, प्रेरणादायक व्यक्तित्व की स्वामिनी का मुख्य अतिथि के रूप में आगमन निश्चित रूप से हमारे विद्यार्थियों को उत्साह एवं जोश से भरने वाला है। श्री दिनेश राय का अभिनंदन करते हुए उन्होंने कहा कि जिस तरह आपने सेवा धर्म का आदर्श स्थापित किया है,राजनीति एवं लोगों के बीच फासले को पाटने का प्रयास किया है वह वास्तव में सराहनीय है। डॉ ढींगरा ने इस अवसर पर वर्चुअली उपस्थित डॉ नेहा बर्लिया का अभिनंदन करते हुए कहा कि मैडम नेहा हमारे संस्थापक अध्यक्ष डॉ सत्यपाॅल जी की प्रेरणा, श्रीमती सुषमा पॉल बर्लिया जी की दूरदर्शिता एवं अनुभव को समाहित करते हुए अपनी नवोन्मेषशालिनी सूझबूझ से जिस तरह एपीजे शिक्षण संस्थाओं के बेहतरीन प्रदर्शन के लिए अपना योगदान दे रही है वह वास्तव में श्लाघायोग्य है। डॉ ढींगरा ने इस अवसर पर एपीजे एजुकेशन जालंधर की निदेशक डॉ सुचरिता शर्मा,एपीजे एजुकेशन की अध्यक्ष श्रीमती सुषमा पॉल बर्लिया के ओएसडी ( OSD)श्री मिथिलेश कुमार एवं एपीजे कॉलेज ऑफ फाइन आर्ट्स जालंधर के बोर्ड ऑफ़ गवर्नर्स के सदस्य श्री निर्मल महाजन का भी स्वागत किया। डॉ ढींगरा ने कॉलेज की वार्षिक रिपोर्ट पढ़ते हुए कॉलेज की उपलब्धियों से सभी को परिचित करवाते हुए कहा कि कालेज ने न केवल शिक्षा,सांस्कृतिक बल्कि खेलों के क्षेत्र में भी श्रेष्ठ उपलब्धियों को हासिल करते हुए अपना नाम उत्तर भारत के श्रेष्ठ शिक्षण संस्थानों में दर्ज किया है और भविष्य में भी हमारा कॉलेज इसी तरह निरंतर अपने कदम आगे बढ़ाता रहेगा। एपीजे सत्या एंड स्वर्ण ग्रुप, लीड एजुकेशन वर्टिकल ऑफिस बियरर एपीजे एजुकेशन डॉ नेहा बर्लिया ने पुरस्कार प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहां की जिंदगी में पुरस्कार प्राप्त करने हेतु अपने दिन रात एक किया होगा परन्तु यह तो जीवन का एक पक्ष है अब आपको जिंदगी में आगे बढ़ते हुए इस तरह से कड़ी मेहनत एवं जुनून से काम करना है कि आप समाज की हर जीव के साथ सामजस्य स्थापित कर सके।डॉ नेहा ने कहा कि मैं अपने नाना डॉ सत्यपाॅल जी की सोच को नमन करती हूं जिनकी दृढ़ अवधारणा थी कि मूल्य आधारित शिक्षा देकर हम विद्यार्थियों के व्यक्तित्व के सर्वांगीण विकास के साथ-साथ उनको आत्मिक स्तर पर भी पोषित कर सकते हैं।उन्होंने कहां की एपीजे एजुकेशन की अध्यक्ष श्रीमती सुषमा पॉल बर्लिया जी अपने पिता के सपनों को साकार करने के लिए उनकी धरोहर को सार्थक ढंग से युवा पीढ़ी तक पहुंचाने के लिए निरंतर प्रयत्नशील है और हम भी इसी परंपरा को आगे बढ़ाने के सार्थक प्रयत्न करते रहेंगे।
इस अवसर पर परफॉर्मिंग आर्ट्स विभाग की छात्रा ने शिव स्तुति,कृष्ण के जीवन पर आधारित ठुमरी पर आधारित क्लासिकल नृत्य की भावमय प्रस्तुति करते हुए सभी को आत्मविभोर कर दिया। इस समारोह में एपीजे एजुकेशन की अध्यक्ष श्रीमती सुषमा पॉल बर्लिया के सफलतम जीवन पर आधारित शॉर्ट वीडियो भी दिखाई गई। पुरस्कार वितरण समारोह में डॉ गरिमा सिंह, श्री दिनेश राय, डॉ सुचरिता शर्मा,डॉ नीरजा ढींगरा,श्री निर्मल महाजन, डॉ राजेश बग्गा ने यूनिवर्सिटी एवं कॉलेज में टॉप पोजीशंस हासिल करने वाले 144 विद्यार्थियों को मैडल, प्रमाण-पत्र एवं नगद राशि देकर सम्मानित किया। यूथ फेस्टिवल,खेलो,आईटी फोरम, मेक फोरम,एस डब्ल्यू ए, एनएसएस में श्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाले 131 विद्यार्थियों को भी प्रमाण-पत्र एवं नगद राशि देकर सम्मानित किया गया। इस समारोह को अविस्मरणीय बनाने के लिए संगीत विभाग के विद्यार्थी द्वारा प्रस्तुत वेस्टर्न इंस्ट्रूमेंटल ड्रम की प्रस्तुति ने सबको मंत्रमुग्ध कर दिया। इस अवसर पर मुख्य अतिथि मैडम गरिमा सिंह ने अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि अगर पहले मैं एपीजे कॉलेज आफ फाइन आर्ट्स में आ जाती तो शायद मैं आज इंडियन सर्विसेज में न होकर एक आर्टिस्ट होती । टीचर्स को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि आप विद्यार्थियों के लिए रोल मॉडल बने और उनके बीच छुपी प्रतिभा को निखारने का प्रयास करें आपका एक प्रयास न केवल विद्यार्थियों के जीवन को बदल सकता है बल्कि सुदृढ़ देश निर्माण में भी योगदान दे सकता है।विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए मैडम गरिमा ने कहा कि आप जिस भी प्रोफेशन में जाएं यदि आप अपना कर्तव्य ईमानदारी, तन्मयता एवं प्रतिबद्धता के साथ निभाएंगे तो यह जीवन बहुत ही सुखद एवं सुंदर बन जाएगा। वहां उपस्थित पेरेंट्स को भी संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि आप पर्यावरण एवं आसपास के माहौल को स्वच्छ एवं सुंदर बनाने में अपना योगदान दे और आपके इस कार्य से नि:संदेह आपके बच्चे भी प्रेरित होंगे। उन्होंने यह भी कहा कि आज हमारे पास जो भी है और पाने की उम्मीद में और खुश रहने का इंतजार छोड़ के हम आज के क्षणों में ही खुशी का अनुभव करें तू हमारा जीवन निश्चित रूप से खुशहाल हो जाएगा।
श्री दिनेश राय ने इस अवसर पर अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि जिस तरह एपीजे एजुकेशन,यहां के टीचर्स एवं विद्यार्थी कड़ी मेहनत के साथ न केवल शिक्षा के स्तर पर बल्कि आर्ट के क्षेत्र में भी बेहतरीन प्रदर्शन कर रहे हैं वह वास्तव में प्रशंसनीय है। यहां मूल्य आधारित शिक्षा देकर विद्यार्थियों के दिल, दिमाग और आत्मा के सामंजस्य स्थापित करने का जो प्रयास किया जा रहा हैं वह अतुलनीय है।संगीत विभाग के विद्यार्थियों ने वेस्टर्न ग्रुप सांग की संगीतमयी प्रस्तुति करते हुए सबको झूमने के लिए मजबूर कर दिया। अतिथिवृंद को स्मृति चिन्ह भेंटकर सम्मानित किया गया और उनके इस कार्यक्रम में आने पर आभार व्यक्त किया गया। मैडम रजनी कुमार एवं जसप्रीत कौर ने श्रेष्ठ मंच संचालन करते हुए कार्यक्रम को सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। डॉ ढींगरा ने कार्यक्रम के सफल आयोजन के लिए कॉलेज के कल्चरल कोऑर्डिनेटर डॉ अरूण मिश्रा, डॉ अमिता मिश्रा, डॉ मिक्की वर्मा,मैडम मीरा अग्रवाल,मैडम रजनी गुप्ता, डॉ सुप्रीत तलवाड़,डॉ मोनिका आनंद, डॉ मनीषा कौशल के प्रयासों की भरपूर सराहना की।