
एच.एम.वी. ने यूबीए के तहत खाबरा गाँव में पर्यावरण जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया

हंसराज महिला महाविद्यालय, जालंधर की उन्नत भारत अभियान टीम की ओर से प्राचार्या डॉ. (श्रीमती) एकता खोसला के कुशल मार्गदर्शन और निरंतर सहयोग से खाबरा गाँव में ‘सतत विकास (सस्टेनेबिलिटी) और पर्यावरण संरक्षणÓ विषय पर एक जागरूकता व्यायान आयोजित किया गया। यूबीए कोआर्डिनेटर श्रीमती शेफाली कश्यप ने सरकारी स्कूल के छात्रों और ग्रामीणों को बताया कि पृथ्वी के भविष्य को सुरक्षित रखने में सतत विकास और पर्यावरण संरक्षण की क्या भूमिका है। उन्होंने सतत विकास को पारिस्थितिक स्वास्थ्य, आर्थिक प्रगति और सामाजिक समानता के बीच एक संतुलन के रूप में समझाया, ताकि आज के लोगों की ज़रूरतें पूरी हो सकें और आने वाली पीढ़ियों की ज़रूरतें पूरी करने की क्षमता पर कोई आंच न आए। उन्होंने प्राकृतिक संसाधनों को प्रदूषण, क्षरण और अत्यधिक दोहन से बचाने की आवश्यकता पर जोर दिया और उपस्थित सभी लोगों से एक जिमेदार नागरिक के रूप में पर्यावरण संरक्षण में योगदान देने का आग्रह किया। यूबीए सचिव और बी.वॉक (बैंकिंग और वित्तीय सेवाएं) की छात्रा सुश्री राधिका ने पर्यावरण की रक्षा के व्यावहारिक तरीके बताए। उन्होंने प्रतिभागियों को अधिक पेड़ लगाने और प्रकृति की देखभाल की जिमेदारी साझा करने के लिए प्रेरित किया। कार्यक्रम का समापन प्रतिभागियों द्वारा एक हरित और स्वस्थ पृथ्वी के लिए काम करने की सामूहिक शपथ के साथ हुआ। श्रीमती शेफाली कश्यप ने खाबरा गाँव की सरपंच श्रीमती मनजीत कौर और सरकारी स्कूल की प्रधानाध्यापिका श्रीमती पुष्पेंद्र संधू को धन्यवाद दिया, जिन्होंने टीम को छात्रों और ग्रामीणों के साथ बातचीत करने का अवसर प्रदान किया। प्रधानाचार्य डॉ. (श्रीमती) एकता खोसला ने यूबीए टीम के प्रयासों की सराहना की और कहा कि इस तरह की पहल आज के समय की सबसे बड़ी जरूरत है। डॉ. खोसला ने कहा कि पर्यावरण की रक्षा करना अब कोई विकल्प नहीं, बल्कि मानवता के अस्तित्व और राष्ट्र के सतत विकास के लिए एक अनिवार्य आवश्यकता है। डॉ. खोसला ने छात्रों को अपने परिवारों और समुदायों के बीच पर्यावरण जागरूकता फैलाने के लिए प्रोत्साहित किया और टीम को आश्वासन दिया कि संस्थान भविष्य में भी ऐसे जागरूकता कार्यक्रमों के लिए अपना सहयोग देता रहेगा। इस अवसर पर उन्नत भारत अभियान टीम के सदस्य श्री परमिंदर सिंह भी उपस्थित थे।



