
हंसराज महिला महाविद्यालय, जालंधर में प्राचार्या प्रो. डॉ. एकता खोसला के सक्षम मार्गदर्शन में ‘नैनो रिवोल्यूशन: बिल्डिंग द यूचर एटम बाय एटमÓ विषय पर एक दिवसीय सेमिनार-सह-कार्यशाला का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम रमन वेंकटरमण केमिकल सोसायटी (कैमिस्ट्री विभाग) तथा चंद्रयान विपनेट क्लब (भौतिकी विभाग) के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित किया गया। इस अवसर पर डीएवी विश्वविद्यालय, जालंधर के रसायन विभाग की एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. सपना सेठी मुय वक्ता के रूप में उपस्थित रहीं। कार्यक्रम का शुभारंभ केमिस्ट्री विभागाध्यक्ष श्रीमती दीपशिखा, फिजिक्स विभागाध्यक्ष डॉ. सलोनी शर्मा तथा चंद्रयान विपनेट क्लब के इंचार्ज डॉ. सुशील कुमार द्वारा अतिथि के स्वागत से हुआ। डॉ. वंदना ठाकुर ने सेमिनार के विषय एवं उसके महत्व का परिचय प्रस्तुत किया। डॉ. सेठी ने नैनो टेक्नोलॉजी पर अत्यंत ज्ञानवर्धक व्यायान दिया, जिसमें उन्होंने परमाणु स्तर से लेकर मैक्रो स्तर तक के मापन को सरलता से समझाया। उन्होंने ०ष्ठ, १ष्ठ, २ष्ठ और ३ष्ठ नैनोमैटेरियल्स की विस्तृत जानकारी देते हुए ग्रेफीन, कार्बन नैनोट्यूब्स और फुलरीन जैसे उदाहरण प्रस्तुत किए। उन्होंने नैनोपार्टिकल्स के वर्गीकरण के साथ-साथ ग्रेफाइटिक कार्बन नाइट्राइड और मैक्ससेन्स जैसे उन्नत पदार्थों पर भी प्रकाश डाला। इसके अतिरिक्त, उन्होंने टॉप-डाउन एवं बॉटम-अप संश्लेषण विधियों, स्थिरता संबंधी चुनौतियों तथा फोटोकैटलिसिस, एंटीबैक्टीरियल कोटिंग्स, सेंसर और ड्रग डिलीवरी जैसे क्षेत्रों में इनके अनुप्रयोगों पर विस्तार से चर्चा की। लगभग 70 विद्यार्थियों ने सेमिनार में भाग लिया, जिससे यह सत्र अत्यंत रोचक एवं संवादात्मक बना। कार्यशाला के अंतर्गत 25 विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया, जहां डॉ. सेठी एवं उनके शोधार्थियों ने सह-अवक्षेपण तथा सोल-जैल विधि द्वारा ष्टह्वह्र एवं फेराइट नैनोपार्टिकल्स के संश्लेषण का प्रदर्शन किया। विद्यार्थियों को संश्लेषण एवं कैरेक्टराइजेशन तकनीकों का व्यावहारिक अनुभव प्राप्त हुआ। कार्यक्रम का समापन श्रीमती दीपशिखा द्वारा धन्यवाद ज्ञापन के साथ हुआ, जिसमें उन्होंने डॉ. सपना सेठी का उनके प्रेरणादायक एवं ज्ञानवर्धक सत्र के लिए आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर डॉ. सिमी, डॉ. स्मृति वैद, सुश्री तनीषा तथा सुश्री हेमलता सहित अन्य प्राध्यापकगण भी उपस्थित रहे।