
दिल्ली: देश के आम नागरिकों के लिए आने वाले दिन काफी परेशानी भरे हो सकते हैं। भारत के एटीएम नेटवर्क पर एक बड़ा संकट मंडरा रहा है, जिससे आने वाले समय में आपको पैसे निकालने के लिए मुशिकल हो सकती है। एटीएम नेटवर्क को संचालित करने वाली मुख्य संस्था ‘कॉन्फेडरेशन ऑफ एटीएम इंडस्ट्री’ ने ‘इंडियन बैंक्स एसोसिएशन’ को पत्र लिखकर आगाह किया है कि देश में कैश की भारी किल्लत हो गई है, जिससे एटीएम सेवाएं बुरी तरह प्रभावित हो सकती हैं।संस्था का कहना है कि इस नकदी संकट का सबसे बुरा असर ग्रामीण और अर्ध-शहरी क्षेत्रों में देखने को मिलेगा। दरअसल, सरकार द्वारा भेजी जाने वाली आर्थिक मदद को निकालने के लिए गरीब और जरूरतमंद लोग पूरी तरह स्थानीय एटीएम पर ही निर्भर रहते हैं। कैश न होने से इन लाभार्थियों को अपनी ही रकम के लिए लंबा इंतजार करना पड़ सकता है।
जब आप अपने बैंक के अलावा किसी दूसरे बैंक के एटीएम से पैसे निकालते हैं, तो आपका बैंक उस एटीएम कंपनी को ₹19 ‘इंटरचेंज फीस’देता है। एटीएम कंपनियों का कहना है कि आज के समय में एटीएम चलाने का खर्च इस फीस से कहीं ज्यादा है।बढ़ती महंगाई और ईंधन के दाम मध्य पूर्व में चल रहे तनाव के कारण तेल की कीमतें बढ़ गई हैं। कैश वैन को चलाने का खर्च बहुत बढ़ गया है।