
दिल्ली: महिलाओं में रोके जा सकने वाले कैंसर को खत्म करने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाते हुए, केंद्र सरकार जल्द ही 14 वर्ष की आयु की लड़कियों को लक्षित करते हुए राष्ट्रव्यापी ‘ह्यूमन पैपिलोमावायरस’ टीकाकरण कार्यक्रम शुरू करेगी। आधिकारिक सूत्रों ने मंगलवार को यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि इस कार्यक्रम के तहत एकल खुराक के रूप में ‘गार्डासिल’ नामक ‘क्वाड्रिवेलेंट एचपीवी वैक्सीन’ का इस्तेमाल किया जाएगा। यह इंजेक्शन सर्वाइकल कैंसर का कारण बनने वाले एचपीवी टाइप 16 और 18 से सुरक्षा प्रदान करता है। इसके साथ ही यह टाइप 6 और 11 से भी सुरक्षा प्रदान करता है।सूत्रों ने कहा कि यह अभियान एक विशेष टीकाकरण अभियान होगा और सरकार के सार्वभौमिक टीकाकरण कार्यक्रम के अंतर्गत नहीं आएगा। उन्होंने कहा कि यह विश्व स्वास्थ्य संगठन की सिफारिशों के अनुरूप है, जिनमें एचपीवी टीकाकरण को गर्भाशय ग्रीवा कैंसर के उन्मूलन की वैश्विक रणनीति का एक केंद्रीय स्तंभ माना गया है। इस संबंध में एक आधिकारिक सूत्र ने कहा मजबूत वैश्विक और भारतीय वैज्ञानिक प्रमाण इस बात की पुष्टि करते हैं कि अनुशंसित आयु वर्ग की लड़कियों में टीके की एक खुराक ही मजबूत और दीर्घकालिक सुरक्षा प्रदान करती है।राष्ट्रव्यापी कार्यक्रम का लक्ष्य 14 वर्ष की आयु की लड़कियां होंगी। यह वह उम्र है जिसमें एचपीवी टीका संबंधित विषाणु के संभावित संपर्क में आने से काफी पहले अधिकतम निवारक लाभ प्रदान करता है। खुले बाजार में, ‘क्वाड्रिवेलेंट गार्डासिल-4’ दो खुराक वाला टीका है, जिसकी प्रत्येक खुराक की कीमत 3,927 रुपये है, और यह 15 वर्ष से कम उम्र की लड़कियों के लिए है। पंद्रह वर्ष से अधिक आयु की लड़कियों के लिए, टीके की तीन खुराक आवश्यक हैं।