
दिल्ली: समुद्री व्यापार मार्गों को लेकर तनाव बढ़ने के बीच अमेरिका की सेना ने बीते दिन ईरान पर लगातार 13वीं रात हवाई हमले किए। ये हमले ऐसे समय में हुए हैं जब यमन के ईरान समर्थित हूती विद्रोहियों ने दावा किया कि उन्होंने लाल सागर में सऊदी अरब के दो तेल टैंकरों पर हमला किया है। इस घटनाक्रम से ईरान से जुड़ा संघर्ष और व्यापक होने की आशंका बढ़ गई है। इस बीच अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमत 100 अमेरिकी डॉलर प्रति बैरल के पार पहुंच गई। ईरान के सरकारी मीडिया ने बताया कि केश्म और बंदर अब्बास के आसपास स्थित होर्मुज जलडमरूमध्य क्षेत्र में विस्फोट हुए जिनमें कथित तौर पर दो लोग घायल हुए। इसके अलावा देश के उत्तर-पश्चिम में अंदीमेश्क, ओमीदियेह और फिरूजाबाद के निकट भी विस्फोट होने की खबर है। यूएस सेंट्रल कमांड’ ने कहा कि नए हमले स्थानीय समयानुसार सुबह करीब पांच बजे से पहले समाप्त हो गए। इन हमलों का उद्देश्य क्षेत्रीय जलक्षेत्र से गुजरने वाले असैन्य नाविकों और वाणिज्यिक जहाजों के लिए खतरा पैदा करने की ईरान की क्षमता को और कमजोर करना था। अमेरिका होर्मुज जलडमरूमध्य पर फिर से नियंत्रण स्थापित करने और अंतरराष्ट्रीय समुद्री व्यापार को सामान्य बनाने की कोशिश कर रहा है।