एलपीयू, फगवाड़ा (जालंधर), 23 जुलाई। केन्द्रीय विद्यालय संगठन की 55वीं राष्ट्रीय खेलकूद प्रतियोगिता (बालक वर्ग) के द्वितीय चरण के दूसरे दिन एलपीयू का खेल परिसर जोश, जुनून और जीत के उत्साह से सराबोर रहा। देशभर के 25 संभागों से आए खिलाड़ियों ने कबड्डी, बैडमिंटन, खो-खो, मुक्केबाज़ी और निशानेबाज़ी में दमदार प्रदर्शन कर प्रतियोगिता को रोमांचक बना दिया। सुबह से शाम तक चले मुकाबलों में कई टीमों ने प्रभावशाली जीत दर्ज कर अगले दौर में प्रवेश किया।
सबसे अधिक रोमांच कबड्डी और खो-खो में देखने को मिला। कबड्डी अंडर-14 वर्ग में चंडीगढ़,अहमदाबाद, रांची, आगरा, भुवनेश्वर, देहरादून, चेन्नई, जयपुर, दिल्ली, बेंगलुरु,, पटना, चेन्नई, जयपुर तथा कोलकाता संभाग और अंडर-17 वर्ग में जयपुर,गुवाहाटी,मुम्बई,दिल्ली,जम्मू, पटना,चेन्नई,देहरादून और रायपुर ने अपने-अपने मुकाबले जीतकर मजबूत शुरुआत की।
भारत के पारंपरिक खेल खो-खो में भी खिलाड़ियों की फुर्ती और रणनीति देखने लायक रही। अंडर-14 वर्ग में बेंगलुरु, आगरा, पटना, चंडीगढ़, लखनऊ, एर्नाकुलम,मुम्बई, जम्मू , और रांची तथा अंडर-14 वर्ग में बेंगलुरु, लखनऊ,गुवाहाटी, जबलपुर, तथा कोलकाता ने अपने शुरुआती मुकाबले जीत लिए।
बैडमिंटन अंडर-19 वर्ग में भोपाल ने भुवनेश्वर, चेन्नई ने लखनऊ तथा हैदराबाद ने वाराणसी को हराया। इसके अलावा चंडीगढ़, देहरादून, पटना, आगरा और दिल्ली संभाग की टीमें भी विजयी रहीं। खिलाड़ियों के तेज़ रिफ्लेक्स और शानदार स्मैश ने दर्शकों को खूब रोमांचित किया।
बैडमिंटन में सटीक स्मैश और लंबी रैलियों ने बांधा समां , बैडमिंटन अंडर-14,17 और 19 बालक वर्ग के संभाग की टीमों ने अपनी तेज़ रैलियों, सटीक स्मैश और फुर्तीले मूवमेंट ने दर्शकों को पूरे समय रोमांचित रखा।
मुक्केबाज़ी प्रतियोगिता में खिलाड़ियों ने तकनीकी कौशल और आत्मविश्वास से प्रभावित किया, जबकि निशानेबाज़ी स्पर्धा में प्रतिभागियों ने धैर्य, एकाग्रता और सटीक निशानों से अपनी क्षमता का परिचय दिया। प्रत्येक उत्कृष्ट प्रदर्शन पर दर्शकों की तालियों ने खिलाड़ियों का उत्साह बढ़ाया।
प्रतियोगिता की व्यवस्थाओं का निरीक्षण करने पहुंचे केन्द्रीय विद्यालय संगठन, चंडीगढ़ संभाग के उपायुक्त अनुराग भटनागर तथा सहायक आयुक्त पी.सी. तिवाड़ी ने विभिन्न खेल स्थलों का दौरा कर आयोजन की समीक्षा तथा सरहना की । उन्होंने विद्यार्थियों के आवास तथा खानपान व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया तथा आयोजन समिति को आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए।
प्रा