Uncategorizedपंजाबशिक्षा और संस्कृति

एलपीयू के इनक्यूबेटेड स्टार्टअप्स ने “फाउंडर्स गेटवे-ओपनिंग डोरस टू पाथफाइंडर 3.0” में ₹2.65 करोड़ की भारी फंडिंग हासिल की

जालंधर; छात्रों के लीडरशिप वाले इनोवेशन में निवेशकों के मज़बूत भरोसे का संकेत देते हुए, लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी के इनक्यूबेटेड स्टार्टअप्स ने “फाउंडर्स गेटवे-ओपनिंग डोरस टू पाथफाइंडर 3.0” में ₹2.65 करोड़ की भारी फंडिंग हासिल की। इस कार्यक्रम का आयोजन विबग्योर सॉल्यूशन के सहयोग से एक बहु-संस्थागत स्टार्टअप-निवेशक मंच के रूप में किया गया था, जिससे उभरते हुए इंडस्ट्री को निवेशकों के साथ सीधे जुड़ने, पूंजी हासिल करने और अपनी व्यावसायिक क्षमता को साबित करने का मौका मिला।

इस कार्यक्रम में 20 से ज़्यादा स्टार्टअप्स एक साथ आए, जिनमें से छह को फंडिंग मिली; इनमें एलपीयू के इनक्यूबेटेड पाँच स्टार्टअप्स शामिल थे। यह डीप-टेक, कंज्यूमर ब्रांड्स, सोशल प्लेटफॉर्म्स और मोबिलिटी जैसे अलग-अलग क्षेत्रों में निवेशकों के मज़बूत भरोसे को दिखाता है। ऑक्सीट्रियम प्राइवेट लिमिटेड (रेबेलिव), द एप्लीकेबल, प्रोवा वर्ल्ड प्राइवेट लिमिटेड (चिकेलज़), मैकबीज़ कनेक्शन प्राइवेट लिमिटेड, ड्रिफ्ट X, और रेमेडियो वेट जैसे स्टार्टअप्स ने निवेश के साथ-साथ रणनीतिक सहयोग भी हासिल किया।

इंडस्ट्री के वरिष्ठ नेताओं, लुधियाना ऐंजल नेटवर्कस के सीईओ शिबानंद दास और वेंचर स्टूडियो तथा ग्लोबल इकोसिस्टम लीडरके सचिन के. शेओरान ने हिस्सा लेने वाले स्टार्टअप्स के साथ बातचीत की और अपनी उद्यमिता यात्राओं तथा उद्यमों को बनाने और आगे बढ़ाने के वास्तविक अनुभवों से मिली सीख साझा की। उनके सेशन ने फंडिंग रणनीतियों, स्टार्टअप्स को आगे बढ़ाने और ग्लोबल एंटरप्रिनोयर एंवायरमेंट में आगे बढ़ने के बारे में मूल्यवान दृष्टिकोण प्रदान किए।

इस अवसर पर बोलते हुए, एलपीयू के वाइस-चांसलर डॉ. जसपाल सिंह संधू ने ऐसी पहलों के पीछे की व्यापक सोच साझा करते हुए कहा कि सार्थक इनोवेशन तभी फलता-फूलता है जब युवाओं के हुनर को प्रयोग करने, सहयोग करने और वास्तविक दुनिया की चुनौतियों से जुड़ने के लिए सही इकोसिस्टम दिया जाता है। डॉ. संधू ने आगे कहा कि एलपीयू शिक्षा और उद्योग के बीच की खाई को दूर के लिए ऐसे मंच प्रदान करता है, जिससे छात्र अपने विचारों को प्रभावशाली उद्यमों में बदल पाते हैं और साथ ही उन्हें निवेशकों की अपेक्षाओं तथा बाज़ार की गतिशीलता का सीधा अनुभव भी मिलता है। इस इवेंट के सबसे होनहार स्टार्टअप्स अब नई दिल्ली के भारत मंडपम में पार्थफाइंडर 3.0 में आगे बढ़ेंगे, जहाँ उन्हें ज़्यादा पहचान मिलेगी, वे जाने-माने निवेशकों से जुड़ेंगे, और राष्ट्रीय स्तर पर आगे की फंडिंग और विकास के मौकों को तलाशेंगे।

एलपीयू के एंटरप्रेन्योरियल इकोसिस्टम से इनोवेशन लगातार मज़बूत हो रहा है, जिसमें छात्रों द्वारा चलाए जा रहे, बड़े पैमाने पर बढ़ने लायक वेंचर्स पर निवेशकों का भरोसा बना हुआ है। इस गति के मूल में एलपीयू का एडु-रेव्लोयूशन है, जहाँ सीखना क्लासरूम से आगे बढ़कर असल दुनिया में इस्तेमाल, इनोवेशन और उद्यम बनाने तक पहुँचता है।

Related Articles

Back to top button