जालंधर, 29 जुलाई: लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी (एलपीयू) के फाउंडर चांसलर और राज्यसभा सांसद डॉ. अशोक कुमार मित्तल ने सोमवार को दिल्ली के उपराज्यपाल तरनजीत सिंह संधू से मुलाकात की। इस बैठक में हेल्थकेयर और शिक्षा इंफ्रास्ट्रक्चर सेक्टर के प्रतिनिधि भी शामिल हुए।

यह बैठक शिक्षा, इनोवेशन और हेल्थकेयर में बेहतरीन काम के लिए दिल्ली को ग्लोबल हब बनाने की दिशा में विचारों के आदान-प्रदान का एक मंच थी। इसमें शामिल लोगों ने एकेडेमिया (शिक्षा जगत), इंडस्ट्री और सरकार के बीच मजबूत साझेदारी को बढ़ावा देकर एक बेहतर और मिल-जुलकर काम करने वाला इकोसिस्टम बनाने पर चर्चा की।

बैठक के दौरान, उपराज्यपाल ने इस बात पर जोर दिया कि ‘विकसित दिल्ली’ के विजन को तेजी से आगे बढ़ाने और बेहतर शिक्षा, इनोवेशन और वर्ल्ड-क्लास हेल्थकेयर इंफ्रास्ट्रक्चर के जरिए ‘विकसित भारत’ के बड़े राष्ट्रीय लक्ष्य में योगदान देने के लिए इस तरह की आपसी सहयोग वाली पहल बहुत जरूरी हैं।

एलपीयू के फाउंडर चांसलर और राज्यसभा सांसद डॉ. अशोक कुमार मित्तल ने कहा, “एक विकसित देश बनने की दिशा में भारत की प्रगति उसके शिक्षा और हेल्थकेयर इकोसिस्टम की मजबूती पर निर्भर करेगी। इस विजन को हासिल करने के लिए एकेडेमिया, इंडस्ट्री, हेल्थकेयर संस्थानों और पॉलिसी बनाने वालों के बीच करीबी सहयोग की जरूरत है, ताकि इनोवेटिव, समावेशी और भविष्य के लिए तैयार समाधान बनाए जा सकें। ऐसे रचनात्मक संवाद विचारों को असरदार नतीजों में बदलने के लिए जरूरी हैं, जिनसे समाज को फायदा हो और ‘विकसित भारत’ के विजन में योगदान मिले।”

इस बातचीत में इनोवेशन, ज्ञान के आदान-प्रदान और इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट को सपोर्ट करने के लिए मुख्य स्टेकहोल्डर्स को एक साथ लाने के महत्व पर भी जोर दिया गया। उम्मीद है कि इस तरह के सहयोग राष्ट्रीय राजधानी में शिक्षा और हेल्थकेयर की क्वालिटी और पहुंच को और बेहतर बनाने में अहम भूमिका निभाएंगे।

इस बैठक ने लंबे समय के डेवलपमेंट और प्रगति को सपोर्ट करने के मकसद से आपसी हित के क्षेत्रों पर सार्थक चर्चा का मौका दिया। अपनी ‘एडु-रेव्लयूशन’ फिलॉसफी के जरिए हायर एजुकेशन में बदलाव लाने के लिए प्रतिबद्ध संस्थान के तौर पर जिसमें एकेडेमिक्स में एंटरप्रेन्योरशिप, अनुभव-आधारित लर्निंग और इंडस्ट्री के साथ जुड़ाव को शामिल किया जाता है। एलपीयू ऐसी चर्चाओं और सहयोग को सपोर्ट करना जारी रखता है जो शिक्षा, इनोवेशन और राष्ट्रीय विकास को आगे बढ़ाते हैं।